ब्यूरो: जालंधर से एक बड़ी खबर सामने आ रही है जहां आज सफाई कर्मचारियों ने अपनी मांगों को लेकर नगर निगम कार्यालय पर धरना लगाया हुआ है। इस दौरान कर्मचारियों ने पूरी तरह से काम बंद रखा और प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की। प्रदर्शन का नेतृत्व पंजाब सफाई
कर्मचारी आयोग के चेयरमैन चंदन ग्रेवाल ने किया। चंदन ग्रेवाल का कहना है कि सफाई कर्मचारियों, सीवरमैनों और ड्राइवरों की मुख्य मांग है कि त्योहारों और छुट्टियों के दौरान काम करने वाले कर्मचारियों को अमृतसर निगम की तर्ज पर 13वें वेतन के रूप में अतिरिक्त भुगतान किया जाए। उन्होंने कहा कि इस संबंध में मंत्री ने कमिश्नर को निर्देश भी दिए हैं, लेकिन अभी तक कोई कार्रवाई नहीं की गई है।
सफाई कर्मियों ने फिलहाल सफाई, कूड़े की लिफ्टिंग और अन्य कार्यों को बंद कर दिया है। इससे शहर में सफाई व्यवस्था प्रभावित हो रही है। कुछ सप्ताह पहले निगम प्रशासन ने यूनियनों की मांग पर 16 सफाई सेवकों को सेनेटरी सुपरवाइजर के पद पर प्रमोशन के आदेश जारी किए थे।
हालांकि, सरकार से इसकी औपचारिक मंजूरी अभी तक नहीं मिली है। इस बीच, दो सुपरवाइजर्स को सेनेटरी इंस्पेक्टर का अतिरिक्त चार्ज दे दिया गया, जिससे यूनियन गुट में नाराजगी फैल गई।
मंगलवार को यूनियन प्रतिनिधियों की मेयर और कमिश्नर के साथ मॉडल टाउन कैंप ऑफिस में बैठक हुई थी, लेकिन कोई हल नहीं निकला। यूनियन नेताओं का कहना है कि निगम प्रशासन उनकी जायज मांगों पर कोई प्रतिक्रिया नहीं दे रहा है, जिसके चलते आज यह प्रदर्शन किया गया। धरने के चलते नगर निगम के कामकाज पर असर पड़ा है। प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी है कि अगर उनकी मांगें जल्द पूरी नहीं की गईं, तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।